स्वयं को जीतें

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सृष्टि के आरंभ काल से ही दूसरों पर शासन करने, दूसरे को जीतने की आकांक्षा पाई जाती है। सत्ता आदमी की मूल प्रवृत्ति है।

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Courtesy : Jagran – Apni Baat

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